बांग्लादेश में जारी अशांति के बीच अल्पसंख्यक समुदाय, खासकर हिंदुओं के खिलाफ हिंसा की घटनाएं थमने का नाम नहीं ले रही हैं। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, बीते 18 दिनों में अलग-अलग घटनाओं में 6 हिंदुओं की हत्या कर दी गई है। इन घटनाओं ने देश में कानून-व्यवस्था और अल्पसंख्यकों की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
बताया जा रहा है कि हिंसा की ये घटनाएं विभिन्न इलाकों में हुईं, जहां हमलों, धमकियों और संपत्तियों को नुकसान पहुंचाने के मामले सामने आए हैं। स्थानीय लोगों का आरोप है कि डर के माहौल में अल्पसंख्यक परिवार पलायन को मजबूर हो रहे हैं। मानवाधिकार संगठनों ने भी स्थिति पर चिंता जताते हुए निष्पक्ष जांच और दोषियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की है।
इस बीच अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी बांग्लादेश में अल्पसंख्यकों की सुरक्षा को लेकर आवाजें उठने लगी हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि यदि समय रहते ठोस कदम नहीं उठाए गए, तो हालात और बिगड़ सकते हैं। सरकार से अपेक्षा की जा रही है कि वह शांति बहाली के साथ-साथ अल्पसंख्यक समुदायों को भरोसा दिलाने के लिए प्रभावी उपाय करे।

