देश के सेवा क्षेत्र की गतिविधियों में दिसंबर महीने में नरमी देखने को मिली है। पीएमआई (Purchasing Managers’ Index) के ताजा आंकड़ों के मुताबिक, नए कारोबार की गति धीमी रहने के कारण सेक्टर की समग्र वृद्धि पर दबाव पड़ा। हालांकि सूचकांक विस्तार के दायरे में बना रहा, लेकिन पिछले महीनों की तुलना में इसकी रफ्तार कम दर्ज की गई।
रिपोर्ट के अनुसार, मांग में नरमी और कुछ क्षेत्रों में ऑर्डर फ्लो घटने से कंपनियों ने सतर्क रुख अपनाया। नए ऑर्डर और निर्यात मांग में सीमित बढ़ोतरी दर्ज की गई, जबकि लागत दबाव और प्रतिस्पर्धा ने भी कारोबारी भरोसे को प्रभावित किया। इसके चलते नियुक्तियों और निवेश योजनाओं में भी संयम देखने को मिला।
read also: दिल्ली में प्रदूषण पर कड़ा प्रहार… फैक्ट्रियों के खिलाफ अभियान तेज, बिना नोटिस के होगी सीलिंग
विशेषज्ञों का मानना है कि त्योहारी सीजन के बाद मांग का सामान्य होना और वैश्विक अनिश्चितताएं सेवा क्षेत्र की गतिविधियों पर असर डाल रही हैं। हालांकि, आने वाले महीनों में मांग सुधरने और नीतिगत समर्थन मिलने से सेवा क्षेत्र में फिर से तेजी लौटने की उम्मीद जताई जा रही है।

